बीडी पांडे अस्पताल में ऑर्थोपेडिक विशेषज्ञ की गैरमौजूदगी से मरीजों की बढ़ी मुश्किलें
दो दिनों से नियमित सेवाएं प्रभावित, दर्जनों मरीजों को करना पड़ा इंतजार
नैनीताल। बीडी पांडे जिला चिकित्सालय में विशेषज्ञ डॉक्टरों की कमी का असर एक बार फिर मरीजों पर साफ दिखाई दे रहा है। अस्पताल के एकमात्र ऑर्थोपेडिक (हड्डी रोग) विशेषज्ञ के अवकाश पर होने से पिछले दो दिनों से हड्डी रोग संबंधी ओपीडी सेवाएं प्रभावित हैं। वैकल्पिक व्यवस्था पर्याप्त नहीं होने के कारण बड़ी संख्या में मरीजों को परेशानी झेलनी पड़ रही है।
अस्पताल में हड्डी रोग विशेषज्ञ का केवल एक पद होने के कारण उनके अवकाश पर जाते ही पूरी व्यवस्था प्रभावित हो गई। इलाज के लिए पहुंचे कई मरीजों को डॉक्टर नहीं मिले, जिससे कुछ लोगों को बिना परामर्श लौटना पड़ा, जबकि कई मरीजों को अन्य विभागों के चिकित्सकों से प्राथमिक उपचार कराना पड़ा। दो दिनों में 50 से अधिक मरीज इस स्थिति से प्रभावित बताए जा रहे हैं।
बीडी पांडे अस्पताल पहले से ही विशेषज्ञ चिकित्सकों की कमी से जूझ रहा है। स्त्री एवं प्रसूति रोग विभाग में भी डॉक्टरों की अनुपलब्धता के कारण मरीजों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। ऐसे में लगातार विशेषज्ञ डॉक्टरों के अवकाश पर रहने से अस्पताल की व्यवस्थाओं को लेकर सवाल उठने लगे हैं।
अस्पताल प्रशासन का कहना है कि उपलब्ध संसाधनों के बीच मरीजों को बेहतर सुविधा देने का प्रयास किया जा रहा है। प्रभारी पीएमएस डॉ. द्रौपदी गर्ब्याल के अनुसार हड्डी रोग विशेषज्ञ गुरुवार से पुनः अपनी सेवाएं शुरू कर देंगे, जिसके बाद ऑर्थोपेडिक ओपीडी सामान्य रूप से संचालित होगी।
