
छात्राओं की आवाज बनकर उभरीं कुमकुम, अब मुख्यधारा की राजनीति में मुकाम बनाने का लक्ष्य
नैनीताल। कुमाऊं विश्वविद्यालय के प्रतिष्ठित डीएसबी परिसर छात्रसंघ चुनाव में बागेश्वर की बेटी कुमकुम जोशी ने अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई है। छात्रा उपाध्यक्ष पद पर उनका निर्विरोध निर्वाचन हुआ है। परिसर के केपी हॉस्टल में रहकर बीएससी कर रहीं कुमकुम की इस उपलब्धि से न सिर्फ विश्वविद्यालय बल्कि उनके गृह जनपद बागेश्वर में भी खुशी का माहौल है।
समस्याओं से मिला राजनीति में आने का हौसला
कुमकुम का मानना है कि छात्र राजनीति में आने का फैसला उन्होंने अचानक नहीं लिया, बल्कि हॉस्टल जीवन के अनुभवों ने उन्हें इसके लिए तैयार किया। केपी हॉस्टल में रहने के दौरान उन्होंने छात्राओं की रोजमर्रा की परेशानियों और बुनियादी सुविधाओं की कमी को बेहद करीब से देखा। जब इन समस्याओं को उठाने और प्रशासन के सामने मजबूती से रखने वाला कोई सशक्त प्रतिनिधि नजर नहीं आया, तो उन्होंने खुद आगे आकर छात्राओं की आवाज बनने की ठानी।
परिसर में छात्र-छात्राओं के हितों की लड़ाई रहेगी प्राथमिकता
निर्विरोध निर्वाचित होने के बाद कुमकुम जोशी ने स्पष्ट किया कि उनकी पहली प्राथमिकता परिसर में छात्राओं को सुरक्षित, सहज और बेहतर शैक्षणिक माहौल उपलब्ध कराना है। इसके साथ ही वह छात्रों से जुड़े आम मुद्दों पर भी कंधे से कंधा मिलाकर काम करेंगी।
अपनी इस कामयाबी का श्रेय उन्होंने अपने माता-पिता, प्राध्यापकों और साथी छात्र-छात्राओं को दिया। कुमकुम के पिता ललित मोहन जोशी बागेश्वर में लोक निर्माण विभाग (PWD) में कार्यरत हैं, जबकि माता हेमा जोशी गृहिणी हैं। उनके निर्वाचन पर नैनीताल निवासी हितेश जोशी समेत कई गणमान्य लोगों और छात्रों ने उन्हें बधाई देकर उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दी हैं।






